ट्वीट लेखक द्वारा हटा दिया गया था.
लेकिन हमने सब कुछ सहेज लिया 🙂.
Dharmendra Pradhan ने जानकारी दी कि छोटे हाइड्रो पावर विकास योजना, जो 1–25 मेगावाट तक की परियोजनाओं को कवर करती है, को आज कैबिनेट से मंजूरी मिल गई। इस योजना का मुख्य उद्देश्य देशभर में छोटे हाइड्रो क्षमता को बढ़ाना है। इसमें पर्वतीय और पूर्वोत्तर क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। कुल 200 डीपीआर के लिए समर्थन और लक्षित वित्तीय सहायता भी प्रावधान में है। सरकार का लक्ष्य है कि नवीकरणीय ऊर्जा मिश्रण में छोटे हाइड्रो पावर का योगदान बढ़े और टिकाऊ ऊर्जा समाधान को प्रोत्साहित किया जाए।
सरकारी ऊर्जा क्षेत्र में हालिया निर्णयों की पृष्ठभूमि में, उद्योग के प्रमुख नेताओं के योगदान पर भी विमर्श जारी है—ध्यान देने योग्य है कि हाल में ही Dharmendra Pradhan ने Jamsetji Tata की औद्योगिक उपलब्धियों को रेखांकित किया था, जिससे नवीकरणीय ऊर्जा नीतियों और उद्योग विकास के बीच संबंधों को लेकर महत्वपूर्ण संवाद को बल मिला है।