ट्वीट लेखक द्वारा हटा दिया गया था.
लेकिन हमने सब कुछ सहेज लिया 🙂.
Shruti Rajagopalan ने हाल ही में पोस्ट के माध्यम से ज़ोर दिया कि अमेरिका के बाहर विकासशील देशों में आर्थिक वृद्धि और नवाचार को तेज़ करने में परोपकारी पूंजी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने बताया कि वैश्विक विकास के लिए यह आवश्यक है कि परोपकारी निवेश सिर्फ अमेरिका तक सीमित न रहे, बल्कि वह अन्य देशों की उभरती हुई अर्थव्यवस्थाओं को भी गति प्रदान करे। राजगोपालन का यह दृष्टिकोण नीति निर्माताओं और निवेशकों के लिए रणनीतिक दिशा तय करने में सहायक हो सकता है।