ट्वीट लेखक द्वारा हटा दिया गया था.
लेकिन हमने सब कुछ सहेज लिया 🙂.
Dr Arvind Virmani ने ट्वीट में कहा कि भारत में गेहूं, चावल और गन्ना की खेती को बढ़ावा देने का मुख्य कारण भारी मात्रा में दी जाने वाली उर्वरक सब्सिडी है। विशेषज्ञों के अनुसार, इन फसलों के उत्पादन के लिए सरकारी प्रोत्साहनों से कृषि क्षेत्र में उत्पादन का संतुलन प्रभावित हो रहा है। Virmani का आकलन किसानों को पारंपरिक फसलों के बजाय विविधीकृत खेती की ओर प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर प्रकाश डालता है।
Virmani has previously commented on subsidy structures in other sectors. In a separate analysis, he discussed the need to reconsider large infrastructure project subsidies. He has also addressed developments in the Indian electronics sector.