Oil India को अंडमान में गैस खोज से अपतटीय ऊर्जा संभावनाओं को बल

Oil India को अंडमान में गैस खोज से अपतटीय ऊर्जा संभावनाओं को बल
अंडमान में गैस खोज

भारत की घरेलू ऊर्जा आपूर्ति बढ़ाने की कोशिशों के बीच अंडमान सागर में Oil India Ltd के एक और कुएं में प्राकृतिक गैस मिली है। यह खोज देश की आयातित ईंधन पर निर्भरता घटाने की रणनीति को सहारा दे सकती है और अंडमान बेसिन की वाणिज्यिक क्षमता पर भरोसा मजबूत करती है।

हाइलाइट्स

  • Oil India Ltd ने अंडमान के पूर्वी तट से 15 किमी दूर 355 मीटर गहराई में श्री विजयपुरम-3 कुएं में प्राकृतिक गैस की पुष्टि की।
  • तीन में से दो कुएं, जिनमें श्री विजयपुरम-2 के 2025 परीक्षण में 87% मीथेन मिली थी, हाइड्रोकार्बन खोजे गए, जिससे क्षेत्र की संभावनाएं मजबूत हुईं।
  • सरकार समुद्र मंथन मिशन के तहत 2025 के अंत तक कई अतिरिक्त अन्वेषण कुएं ड्रिल करेगी और वैश्विक कंपनियों के साथ सहयोग बढ़ाएगी।

अंडमान कुएं में खोज और परीक्षण

FinancialExpress.com की रिपोर्ट के अनुसार, केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने शुक्रवार को कहा कि अंडमान द्वीपसमूह के पूर्वी तट से लगभग 15 किलोमीटर दूर Oil India Ltd के श्री विजयपुरम-3 अन्वेषण कुएं में प्राकृतिक गैस की मौजूदगी की पुष्टि हुई है। यह कुआं करीब 355 मीटर गहरे पानी में ड्रिल किया गया था और शुरुआती परीक्षण में गैस मिलने की पुष्टि हुई।

पुरी ने X पर कहा कि यह खोज भारत के अपतटीय अन्वेषण कार्यक्रम के लिए एक अहम प्रगति है। उनके मुताबिक, 1,900 मीटर से अधिक गहराई पर ईओसीन संरचना में परीक्षण के दौरान लगातार फ्लेयरिंग के जरिये प्राकृतिक गैस की मौजूदगी स्थापित हुई है।

यह मौजूदा अन्वेषण अभियान के तहत अंडमान बेसिन में Oil India द्वारा ड्रिल किए गए तीन कुओं में दूसरी हाइड्रोकार्बन खोज है। मंत्री ने कहा कि अब तक ड्रिल किए गए तीन में से दो कुओं में हाइड्रोकार्बन की मौजूदगी की पुष्टि हो चुकी है, जिससे इस क्षेत्र में महत्वपूर्ण तेल और गैस संसाधनों की संभावना को बल मिलता है।

ऊर्जा सुरक्षा और आगे की योजना

यह खोज 2025 में घोषित श्री विजयपुरम-2 की पहले की सफलता के बाद आई है, जहां परीक्षण में करीब 87% मीथेन सामग्री वाली प्राकृतिक गैस की पुष्टि हुई थी। उस परिणाम के बाद क्षेत्र में आगे अन्वेषण को प्रोत्साहन मिला, जबकि उद्योग विशेषज्ञ अंडमान बेसिन की भूगर्भीय संरचना को म्यांमार से इंडोनेशिया तक फैले हाइड्रोकार्बन समृद्ध इलाकों से मिलता-जुलता मानते हैं।

भारत के लिए यह प्रगति इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि देश अपनी तेल और गैस जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है। नई घरेलू खोजें ऊर्जा सुरक्षा बेहतर करने और दीर्घकालिक आर्थिक वृद्धि को समर्थन देने में मदद कर सकती हैं।

Oil India अब नई खोजी गई गैस को बेहतर समझने के लिए विस्तृत अध्ययन करेगी। कंपनी गैस के नमूने एकत्र कर उसकी संरचना और ऊष्मीय मान का आकलन कर रही है, साथ ही गैस की उत्पत्ति समझने के लिए आइसोटोप अध्ययन भी करेगी।

सरकार अंडमान क्षेत्र में अन्वेषण तेज करने की योजना पर काम कर रही है। अधिकारियों ने 2025 के अंत तक कई अतिरिक्त अन्वेषण कुओं का कार्यक्रम तय किया था, जबकि पुरी ने इस खोज को 2025 के स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित राष्ट्रीय गहरे समुद्र अन्वेषण पहल, समुद्र मंथन मिशन, से जोड़ा है। उनके अनुसार, यह खोज Petrobras, TotalEnergies, BP, Shell और ExxonMobil जैसी वैश्विक गहरे समुद्र विशेषज्ञ कंपनियों के साथ समन्वय में भारत की आगे की अन्वेषण महत्वाकांक्षाओं को आगे बढ़ाने में मदद करेगी।

हमारी पिछली रिपोर्ट में FY26 के अनंतिम जीडीपी अनुमानों और Q4 में 7.8% वृद्धि के आंकड़ों पर फोकस किया गया था, साथ ही पूरे वित्त वर्ष के लिए 7.7% वास्तविक जीडीपी वृद्धि के सरकारी अनुमान की तस्वीर रखी गई थी। उस विश्लेषण में क्षेत्रवार प्रदर्शन के संकेतों के साथ यह भी रेखांकित किया गया था कि पश्चिम एशिया संकट से जुड़ी ऊंची ऊर्जा कीमतें FY27 की वृद्धि के लिए एक प्रमुख डाउनसाइड जोखिम बन सकती हैं।

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