कर्नाटक में कांग्रेस नेतृत्व बदलाव के बीच डीके शिवकुमार 3 जून को मुख्यमंत्री पद संभालने वाले हैं

कर्नाटक में कांग्रेस नेतृत्व बदलाव के बीच डीके शिवकुमार 3 जून को मुख्यमंत्री पद संभालने वाले हैं
कर्नाटक में नेतृत्व बदलाव

कर्नाटक में कांग्रेस के नेतृत्व परिवर्तन की प्रक्रिया तेज हो रही है और डीके शिवकुमार 3 जून की शाम बेंगलुरु के लोक भवन स्थित ग्लास हाउस में मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले हैं। पार्टी विधायक दल ने सिद्धारमैया के इस्तीफे के दो दिन बाद शिवकुमार को सर्वसम्मति से नया नेता चुना है, जिससे सत्ता हस्तांतरण को संगठनात्मक एकजुटता के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।

हाइलाइट्स

  • कांग्रेस विधायक दल ने डीके शिवकुमार को नया नेता चुना है और वे 3 जून को कर्नाटक के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।
  • नेतृत्व परिवर्तन के दौरान कांग्रेस ने आंतरिक स्थिरता और एकजुटता का संदेश दिया, जिससे पार्टी को 2028 में सत्ता वापसी की उम्मीद है।
  • डीके शिवकुमार की घोषित संपत्ति लगभग 1,400 करोड़ रुपये है, जिससे वे भारत के सबसे धनी मुख्यमंत्री बनेंगे।

शपथग्रहण की रूपरेखा और नेतृत्व चयन

Financial Express के अनुसार, कांग्रेस विधायक दल ने शनिवार को डीके शिवकुमार को अपना नया नेता चुना। उस बैठक में निवर्तमान मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने स्वयं उनके नाम का प्रस्ताव रखा, जिसे वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. जी परमेश्वरा ने समर्थन दिया और विधायक दल ने सर्वसम्मति से मंजूरी दी।

चयन के बाद शिवकुमार ने एक प्रस्ताव रखा जिसमें मुख्यमंत्री के रूप में सिद्धारमैया की सेवाओं की सराहना की गई और सत्ता हस्तांतरण के दौरान सदन से सहयोग मांगा गया। केपीसीसी कार्यकारी अध्यक्ष जीसी चंद्रशेखर ने कहा कि समारोह के लिए ग्लास हाउस स्थल इसलिए चुना गया है ताकि आम लोगों को कम असुविधा हो, और कार्यक्रम के लिए कोई पास जारी नहीं किया जाएगा।

पार्टी कार्यकर्ताओं से समारोह स्थल पर एकत्र नहीं होने का अनुरोध किया गया है। शिवकुमार बाद में जिला केंद्रों का दौरा कर कार्यकर्ताओं से व्यक्तिगत रूप से मिलने और उनका आभार जताने वाले हैं।

राजनीतिक संदेश और संपत्ति प्रोफाइल का असर

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव केसी वेणुगोपाल ने इस बदलाव को पार्टी के लिए सुचारु राजनीतिक संक्रमण बताया। उन्होंने कहा कि कई लोगों को नेतृत्व परिवर्तन के दौरान अंदरूनी अस्थिरता की आशंका थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ और कांग्रेस ने एकजुटता का संदेश दिया है।

वेणुगोपाल ने सिद्धारमैया के रुख को भी पार्टी प्राथमिकता के पक्ष में महत्वपूर्ण बताया और कहा कि कांग्रेस को 2028 में कर्नाटक में फिर सत्ता में लौटने का भरोसा है। यह बदलाव ऐसे समय हो रहा है जब शिवकुमार को कांग्रेस के प्रमुख संकटमोचक नेताओं में गिना जाता है।

घोषित संपत्तियों के आधार पर शिवकुमार की संपत्ति लगभग 1,400 करोड़ रुपये बताई गई है, जिससे वह भारत के सबसे धनी मुख्यमंत्री बनने वाले हैं। पाठ में कहा गया है कि आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू घोषित संपत्तियों के साथ दूसरे स्थान पर हैं, जो इस नियुक्ति को राजनीतिक महत्व के साथ-साथ उच्च-प्रोफाइल वित्तीय चर्चा का विषय भी बनाता है।

हमारी पिछली रिपोर्ट में डीके शिवकुमार की घोषित संपत्ति और उनके कारोबारी हितों का विवरण दिया गया था, जो 2023 के चुनावी हलफनामे के अनुसार 1,413.78 करोड़ रुपये बताए गए। लेख में उनकी संपत्ति में 2018 की तुलना में हुई वृद्धि, Global Mall परियोजनाओं से जुड़े आकलन और निर्माण से लेकर आतिथ्य व शिक्षा तक फैले निवेशों की पृष्ठभूमि समझाई गई थी।

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